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रोहिणी नक्षत्र

नक्षत्र एवं राशि

अन्य नाम: रोहिणी तारा, प्रजापति नक्षत्र

नक्षत्रवृष राशिचंद्रसमृद्धि

रोहिणी नक्षत्र वृष राशि के मध्य भाग में स्थित है। इसके स्वामी ग्रह चंद्र और अधिदेवता प्रजापति ब्रह्मा हैं। इसका प्रतीक बैलगाड़ी या रथ है, जो समृद्धि और स्थिरता का सूचक है।

यह वृष राशि के 10 अंश से 23 अंश 20 कलां तक फैला है और इसके चार चरण होते हैं। इसे तारा और चरण के आधार पर फल देने वाला माना जाता है। यह चंद्र-पथ का चौथा नक्षत्र है।

रोहिणी के जातक सौम्य, आकर्षक और सृजनशील होते हैं तथा सुंदरता और कला के प्रति रुचि रखते हैं। यह नक्षत्र वृद्धि, प्रेम और भौतिक सुख का प्रतीक माना गया है। इसे अत्यंत शुभ और उर्वर नक्षत्र कहा जाता है।

प्रसिद्ध कथन

ॐ प्रजापतये नमः

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स्रोत: अथर्ववेद