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पुनर्वसु नक्षत्र

नक्षत्र एवं राशि

अन्य नाम: पुनर्वसु तारा, अदिति नक्षत्र

नक्षत्रकर्क राशिबृहस्पतिकल्याण

पुनर्वसु नक्षत्र मिथुन राशि के अंतिम भाग और कर्क राशि के आरंभ में स्थित है। इसके स्वामी ग्रह बृहस्पति और अधिदेवता अदिति हैं। इसका प्रतीक धनुष और तरकश है, जो पुनः प्राप्ति और सुरक्षा का सूचक है।

यह मिथुन के 20 अंश से कर्क के 3 अंश 20 कलां तक फैला है और इसके चार चरण होते हैं। ज्योतिष में इसे तारा और चरण के आधार पर देखा जाता है। यह चंद्र-पथ का सातवाँ नक्षत्र है।

पुनर्वसु के जातक सौम्य, आशावादी और पुनः उठने वाले स्वभाव के होते हैं। यह नक्षत्र वापसी, नवीनता और कल्याण का प्रतीक माना गया है। इसे शुभ और मंगलकारी नक्षत्र कहा जाता है।

प्रसिद्ध कथन

ॐ अदित्यै नमः

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स्रोत: सूर्य सिद्धांत