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वैशाख मास

नक्षत्र एवं राशि

अन्य नाम: बैसाख

मासवैशाखविशाखावसंत

वैशाख मास चांद्र-वर्ष का दूसरा मास है। इसकी पूर्णिमा विशाखा नक्षत्र में होती है, इसी से इसका नाम वैशाख पड़ा। यह वसंत ऋतु का दूसरा मास है और इसके अधिष्ठाता विष्णु का माधव स्वरूप माने जाते हैं।

चांद्र मास का नाम उसकी पूर्णिमा के नक्षत्र से जुड़ा होता है। चैत्र के बाद आने वाला यह मास वर्ष के आरम्भिक उत्सव-काल का भाग है।

अक्षय तृतीया और बुद्ध पूर्णिमा इस मास के प्रमुख पर्व हैं। अक्षय तृतीया को किया गया दान और शुभ कार्य अक्षय फल देने वाला माना जाता है।

प्रसिद्ध कथन

वैशाख मास की पूर्णिमा विशाखा नक्षत्र में होती है, इसीलिए इसका नाम वैशाख पड़ा (भावानुवाद)।

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नक्षत्रऋतुतिथिचैत्र मासज्येष्ठ मास

स्रोत: परंपरा-प्रसिद्ध