ऐरावत
वेद एवं पुराण
अन्य नाम: ऐरावत, इंद्रकुंजर, श्वेत हस्ती
ऐरावत समुद्र मंथन से निकला दिव्य श्वेत हाथी है, जिसे इंद्र ने अपना वाहन बनाया। उसे 'इंद्रकुंजर' भी कहा जाता है।
परंपरा में ऐरावत को चार दाँतों वाला बताया गया है। वह शक्ति, ऐश्वर्य और विजय का प्रतीक माना जाता है तथा कहीं-कहीं उसे वर्षा के मेघों से भी जोड़ा जाता है।
पुराणों में इंद्र के साथ ऐरावत का वर्णन अनेक प्रसंगों में आता है। समुद्र मंथन के रत्नों की सूची में वह प्रमुख है।
इंद्र के अतिरिक्त अन्य दिग्गजों (दिशाओं के हाथियों) की भी परंपरा है, पर ऐरावत सर्वप्रमुख माना गया।
नाते-रिश्ते
- जन्म: समुद्र मंथन
- स्वामी: इंद्र
- प्रकार: दिग्गज
संबंधित
स्रोत: समुद्र मंथन प्रसंग, श्रीमद्भागवत पुराण, विष्णु पुराण