सती कथा
कथाएँ एवं घटनाएँ
अन्य नाम: सती, दाक्षायणी
सती की कथा शिव-सती के विरह और पुनर्जन्म की कथा है। दक्ष की पुत्री सती ने शिव से विवाह किया, पर दक्ष ने शिव का अपमान किया।
यह कथा श्रीमद्भागवत पुराण के चतुर्थ स्कन्ध तथा शिव पुराण में वर्णित है। कथा के मुख्य पात्र सती, शिव, दक्ष और वीरभद्र हैं।
दक्ष के यज्ञ में शिव को न बुलाए जाने पर सती ने यज्ञ-कुंड में प्राण त्याग दिए। शिव के क्रोध से वीरभद्र ने यज्ञ नष्ट किया। सती ने हिमालय की पुत्री पार्वती के रूप में पुनर्जन्म लिया और शिव से पुनः विवाह किया। यह कथा त्याग, प्रेम और शक्ति की कथा है।
संबंधित
स्रोत: श्रीमद्भागवत पुराण – चतुर्थ स्कन्ध