दीपावली
व्रत एवं त्योहार
अन्य नाम: दिवाली, दीपोत्सव
दीपावली हिंदुओं का सबसे प्रमुख प्रकाश-पर्व है, जो अंधकार पर प्रकाश तथा असत्य पर सत्य की विजय का प्रतीक है। यह मुख्य रूप से माँ लक्ष्मी, भगवान गणेश और प्रभु श्रीराम से जुड़ा है।
यह कार्तिक मास की अमावस्या को मनाई जाती है, जो सामान्यतः अक्टूबर-नवंबर में पड़ती है। यह पाँच दिनों का उत्सव धनतेरस से आरंभ होकर भाई दूज तक चलता है।
विधि में घर की सफाई, दीप प्रज्वलन, लक्ष्मी-गणेश पूजन, रंगोली और मिष्ठान वितरण शामिल हैं। मान्यता है कि इसी रात प्रभु श्रीराम चौदह वर्ष के वनवास के बाद अयोध्या लौटे थे, और अयोध्यावासियों ने घी के दीप जलाकर उनका स्वागत किया। यह पर्व सुख, समृद्धि और पारिवारिक एकता का प्रतीक है।
प्रसिद्ध कथन
तमसो मा ज्योतिर्गमय। (बृहदारण्यक उपनिषद्)
असतो मा सद्गमय।
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स्रोत: परंपरा-प्रसिद्ध