हर्षचरित
ग्रंथ
अन्य नाम: हर्षचरितम्
रचयिता / कर्ता: बाणभट्ट
हर्षचरित बाणभट्ट की प्रसिद्ध रचना है, जिसमें सम्राट हर्षवर्धन के जीवन और उनके राज्य-विस्तार का वर्णन है। यह संस्कृत गद्य-काव्य की उत्कृष्ट कृति मानी जाती है।
रचयिता बाणभट्ट हैं, जो हर्ष के दरबारी कवि थे और सातवीं शताब्दी के आसपास हुए। ग्रंथ आठ उच्छ्वासों में है और इसका आरंभ कवि की अपनी वंश-परंपरा से होता है।
विषय ऐतिहासिक चरित, राजनीति और समकालीन समाज है। हर्षचरित संस्कृत गद्य की शैली और ऐतिहासिक जानकारी दोनों की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण ग्रंथ माना जाता है।
स्रोत: हर्षचरित (बाणभट्ट)